

पूर्वी टुंडी (धनबाद)। पूर्वी टुंडी प्रखंड के आशुरबांध गांव में कथित रूप से अवैध कोयला भट्ठा संचालन का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के समीप बड़े पैमाने पर कोयले का भंडारण और भट्ठे का संचालन किया जा रहा है, जिससे लगातार धुआं निकल रहा है और आसपास का वातावरण प्रदूषित हो रहा है।
स्थानीय लोगों द्वारा उपलब्ध कराई गई तस्वीरों में कोयले के ढेर से उठता धुआं और भट्ठा परिसर जैसी गतिविधियां दिखाई दे रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इससे क्षेत्र की हवा दूषित हो रही है तथा लोगों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि भट्ठे के संचालन का विरोध करने या इसकी शिकायत करने वालों को डराने-धमकाने का प्रयास किया जाता है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। कुछ ग्रामीणों ने यह भी दावा किया कि मामले की जानकारी संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को दी गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
ग्रामीणों के अनुसार, प्रशासन की ओर से यह कहा गया कि उच्च अधिकारियों के निर्देश मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस स्थिति से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है और वे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन, खनन विभाग एवं प्रदूषण नियंत्रण विभाग से पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि भट्ठा नियमों के विरुद्ध संचालित हो रहा है तो उस पर तत्काल रोक लगाई जानी चाहिए।
फोटो कैप्शन: आशुरबांध गांव में कथित कोयला भट्ठा क्षेत्र से उठता धुआं एवं कोयले का भंडारण स्थल।