धनकुबेर DEO के दरभंगा ठिकाने पर भी रेड, सरकार की ड्यूटी छोड़ पत्नी चलाती है स्कूल, रजनीकांत सस्पेंड

धनबाद: पश्चिम चंपारण के जिला शिक्षा पदाधिकारी के बेतिया, समस्तीपुर और दरभंगा स्थित ठिकानों पर रेड में इतने कैश मिले हैं कि उनकी गिनती के लिए विजिलेंस टीम को मंशीन मंगवाना पड़ा। दरभंगा सदर प्रखंड के गौसाघाट स्थित बिरला ओपेन माइंड्स इंटरनेशनल स्कूल में निगरानी की छापेमारी की गयी।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

इस स्कूल का संचालन पश्चिम चंपारण के डीईओ रजनीकांत प्रवीण की पत्नी सुषमा कुमारी कर रही हैं। वे फिलहाल समस्तीपुर के तिरहुत एकेडमी में शिक्षिका हैं और एजुकेशन लीव पर रहते हुए दरभंगा में निजी स्कूल का संचालन कर रही हैं। डीईओ रजनीकांत को सस्पेंड कर दिया गया है।

स्कूल सूत्रों से पता चला है कि निगरानी की पांच सदस्यीय टीम ने दरभंगा स्थित स्कूल पर रेड किया।इस बीच शिक्षा विभाग ने पश्चिम चंपारण के जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) रजनीकांत प्रवीण को निलंबित कर दिया है। एसवीयू के छापे में डीईओ के ठिकानों से मिले नकद 2.25 करोड़ के मामले में उन्हें निलंबित किया गया है। निलंबन की अवधि में उनका मुख्यालय क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक कार्यालय, पूर्णिया होगा। उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी चलेगी।

बताया जाता है कि निगरानी की टीम ने यहां से कुछ नगदी समेत लाखों के अन्य दस्तावेज जब्त किए हैं। हालांकि निगरानी की टीम इस संबंध में अभी कुछ भी जानकारी नहीं दे रही है। स्कूल परिसर में किसी भी बाहरी व्यक्ति को प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है। इस मामले में निगरानी की टीम स्कूल के शिक्षकों और कर्मचारियों से भी पूछताछ कर रही है।

बताया जाता है कि बिरला ओपेन माइंड्स इंटरनेशनल स्कूल की फ्रेंचाइजी डीईओ रजनी कान्त प्रवीण ने अपनी पत्नी सुषमा कुमारी के नाम से ली है। सुषमा कुमारी बतौर निदेशक इस स्कूल का संचालन कर रही हैं। यह भी बताया जाता है कि डीईओ रजनीकांत प्रवीण ने अवैध तरीके से संपत्ति अर्जित कर संविदा पर शिक्षक पद पर बहाल अपनी पत्नी सुषमा कुमारी को बिरला ओपेन माइंड्स इंटरनेशनल स्कूल की फ्रेंचाईजी लेकर उसका निदेशक बना दिया।

बता दें कि पश्चिम चंपारण के जिला शिक्षा पदाधिकारी रजनीकांत प्रवीण वर्ष 2015 से 17 तक दरभंगा में डीपीओ स्थापना व समग्र शिक्षा अभियान रहे थे। हालांकि उस समय वो यहां किसी विवाद में नहीं पड़े थे। वे समस्तीपुर में भी तैनात रहे। सूत्रों के अनुसार उन्होंने यहां डीपीओ रहते हुए सदर प्रखंड क्षेत्र में स्कूल के लिए जमीन खरीदी थी। निगरानी विभाग की छापेमारी की सूचना से जिले के शिक्षा विभाग में तरह-तरह की चर्चा हो रही है।

About Author

error: Content is protected !!