Ranchi : झारखंड में इंडिया गठबंधन की प्रचंड जीत के बाद नई सरकार की रूपरेखा तय करने की प्रक्रिया अन्तिम चरण में है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड कांग्रेस के प्रभारी और पर्यवेक्षकों के साथ बैठक कर मंत्रिमंडल के स्वरूप पर प्रारंभिक चर्चा की थी. संभावना है कि 28 नवंबर या उसके बाद सरकार का स्वरूप सामने आ सकता है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!गठबंधन दलों की रणनीति और संभावनाएं
इंडिया गठबंधन के घटक दल जेएमएम, कांग्रेस, आरजेडी और भाकपा-माले के नवनिर्वाचित विधायक रविवार को रांची पहुंचे और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के आवास पर बैठक हुई थी. जेएमएम को मुख्यमंत्री पद समेत 5-6 मंत्री पद मिलने की संभावना है, जबकि कांग्रेस को 3-4 मंत्री पद और आरजेडी तथा भाकपा-माले को एक-एक मंत्री पद मिलने की संभावना है. हालांकि भाकपा-माले की भागीदारी को लेकर स्थिति अभी साफ नहीं है, क्योंकि माले को औपचारिक प्रस्ताव सरकार ने शामिल होने को लेकर नहीं मिलने की बात कही जा रही है.
चौंकाने वाले नए चेहरे भी हो सकते हैं शामिल
हेमंत सरकार के मंत्रिमंडल में कुछ नए और युवा चेहरों को जगह मिल सकती है. गठबंधन में सभी दलों को उचित प्रतिनिधित्व देने और क्षेत्रीय संतुलन बनाने पर जोर दिया जा रहा है.
मंत्रिमंडल गठन पर सबकी नजरें
हेमंत सरकार के इस नए मंत्रिमंडल में कौन-कौन से चेहरे शामिल होंगे, इसे लेकर झारखंड की जनता और राजनीतिक दलों में उत्सुकता है. गठबंधन की मजबूती और नए चेहरों को मौका देने के प्रयास इस मंत्रिमंडल को खास बना सकते हैं.
हेमंत मंत्रिमंडल में नए चेहरे और संभावित नाम
झामुमो कोटे से संभावित मंत्री : झामुमो कोटे से सीनियर और युवा विधायकों का समजस्य मंत्रीपद में देखा जा सकता है. इनमें स्टीफन मरांडी, हेमलाल मुर्मू, दीपक बिरुआ, रामदास सोरेन, मथुरा प्रसाद महतो, हफीजुल अंसारी, लुइस मरांडी, सजीव सरदार, जीगा मुंडा और सुदिव्य सोनु के नाम प्रमुख हैं.
• कोल्हान क्षेत्र: दीपक बिरुआ, रामदास सोरेन और सजीव सरदार में से दो को स्थान मिल सकता है.
• संथाल परगना क्षेत्र: स्टीफन मरांडी, हेमलाल मुर्मू, लुइस मरांडी और हफीजुल अंसारी में से दो को मौका दिया जा सकता है. हालांकि स्टीफन मरांडी को विधानसभा अध्यक्ष भी बनाया जा सकता है.
• छोटानागपुर क्षेत्र: मथुरा प्रसाद महतो, सुदिव्य सोनु और जीगा सुसारन होरो में से एक का नाम संभावित है.
कांग्रेस कोटे से मंत्री पद के दावेदार
कांग्रेस से दीपिका पांडेय सिंह का नाम लगभग तय माना जा रहा है. पार्टी में उनके योगदान और क्षेत्र में सक्रियता को देखते हुए यह निर्णय संभव है. अगर किसी कारण से दीपिका को मौका नहीं मिला, तो ममता देवी मंत्री बन सकती हैं. अन्य दावेदारों में जयमंगल सिंह, प्रदीप यादव, इरफान अंसारी और रामेश्वर उरांव के नाम भी शामिल हैं. कांग्रेस आलाकमान ही मंत्रियों के नाम तय करेगी.
आरजेडी और माले से संभावित मंत्री
आरजेडी कोटे से सुरेश पासवान
आरजेडी विधायक दल के नेता सुरेश पासवान का नाम मंत्री पद के लिए सबसे आगे है. लेकिन आरजेडी विधायक दल के नेता बनाये जाने के बाद संजय प्रसाद यादव के नाम पर मुहर लग सकती है. जबकि संजय कुमार सिंह भी इस दौड़ में शामिल हैं.
माले कोटे से अरूप चटर्जी
भाकपा-माले को मंत्रिमंडल में शामिल होने का प्रस्ताव मिलने की स्थिति में अरूप चटर्जी का नाम सबसे प्रबल माना जा रहा है.